क्या आपने कभी महसूस किया है कि एक पल में आपकी पूरी दुनिया बिखर सकती है? एक फ़ोन कॉल, एक नाम, एक भूली हुई याद... और सब कुछ बदल जाता है। ल्यूकस के लिए, वह पल तब आया जब वह काम से थककर घर लौटा, बस अपनी प्रेमिका समांथा के साथ एक शांत शाम की उम्मीद कर रहा था। लेकिन घर का माहौल अजीब था। समांथा लिविंग रूम में बैठी थी, उसके चेहरे पर एक ऐसा भाव था जिसे ल्यूकस पहचान नहीं पा रहा था। कोई स्वागत नहीं, कोई मुस्कान नहीं, बस तीन भयानक शब्द: "हमें बात करनी है।"
ये वो शब्द थे जिन्होंने ल्यूकस के दिल में एक बर्फीला डर भर दिया। समांथा ने बताया कि उसके पूर्व-पति, ग्रिफ़िन, का फ़ोन आया था। एक ऐसा नाम जो उनके पाँच साल के रिश्ते में एक भूत की तरह था, एक ऐसा तूफ़ानी अतीत जिसे समांथा ने पीछे छोड़ने का दावा किया था। ग्रिफ़िन, जिसके साथ उसका रिश्ता जुनून, झगड़ों और आँसुओं से भरा था। समांथा ने कहा था कि वह स्थिरता चाहती थी, एक शांत प्यार, जो उसे ल्यूकस में मिला था। तो फिर अब, इतने सालों बाद, उस आदमी की आवाज़ ने सब कुछ क्यों हिला दिया?
ल्यूकस के अंदर सवालों का तूफ़ान उठ रहा था। उसने फ़ोन क्यों उठाया? क्या उसे उसकी आवाज़ सुनकर कुछ महसूस हुआ? समांथा के जवाब अस्पष्ट थे, जैसे कोई पुराना दरवाज़ा खोलकर देख रहा हो कि अंदर अभी भी कुछ बाकी है। उस एक बातचीत ने उनके रिश्ते की नींव में एक दरार डाल दी। ल्यूकस को हमेशा से शक था कि समांथा का एक हिस्सा है जहाँ तक वह कभी नहीं पहुँच सकता, और अब उस शक को एक नाम मिल गया था।
अगले कुछ दिन एक बुरे सपने की तरह थे। जो रिश्ता कभी प्यार और अपनेपन से भरा था, अब उसमें खामोशी और दूरियाँ थीं। सुबह के चुम्बन अब बस सिर हिलाने तक सीमित हो गए थे, संदेश कम हो गए थे, और साथ बिताया गया हर पल बोझिल लगने लगा था। समांथा के बहाने बढ़ते जा रहे थे - काम का तनाव, देर रात की बैठकें। लेकिन ल्यूकस जानता था कि यह कुछ और है। यह एक धीमी गति से हो रही विदाई थी, एक ऐसा दर्द जो शब्दों से कहीं ज़्यादा गहरा था।
जब ल्यूकस ने रिश्ते को बचाने की कोशिश की, तो समांथा ने उस पर ऐसे आरोप लगाए जिन्होंने उसे तोड़कर रख दिया। उसने कहा कि ल्यूकस बहुत साधारण है, कि उसे रोमांच की याद आती है... वह रोमांच जो उसे ग्रिफ़िन के साथ महसूस होता था। यह नाम एक ज़हर की तरह था, जो उनके प्यार की हर मीठी याद को कड़वा कर रहा था।
क्या ल्यूकस इस विश्वासघात को सह पाएगा? क्या समांथा अपने अतीत के साये से बाहर निकल पाएगी? या यह एक फ़ोन कॉल उनके पाँच साल के प्यार का अंत था? यह कहानी प्यार, धोखे और उस दर्दनाक सच्चाई के बारे में है कि कभी-कभी जिसे हम सबसे ज़्यादा प्यार करते हैं, वही हमें सबसे गहरा ज़ख़्म देता है। जानने के लिए पूरी कहानी देखें कि कैसे एक छोटी सी चिंगारी ने एक खूबसूरत रिश्ते को राख में बदल दिया।
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